विमल कुमारकल एबीपी न्यूज़ ने पुण्य प्रसून वाजपेयी का मामला दिखाया.पत्रकारिता में off the record को दिखाया या छपा नहीं जाता.ये पत्रकारिता की नैतिकता के खिलाफ है.हमे बहुत से लोग ऑफ the record बहुत सारी बातें कहते हैं पर वो बात नहीं छापते.इसलिए एबीपी न्यूज़ ने गलत किया. आजतक में काम करने वाले किसी मोदी समर्थक ने वो विडियो लीक किया है.जो मीडिया पिछले ४ महीने से मोदी कर हर भाषण live टेलीकास्ट कर रहा वो आज नैतिकता की बात कर रहा है. live टेलीकास्ट केवल प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति का होता था इसलिए एक आदमी जो केवल उम्मीदवार है उसका रोज live टेलीकास्ट क्यों हो..प्रधान मंत्री का चुनाव विधायक दल की बैठक में होता है इसलिए प्रधानमंत्री की उमीद्वारी संविधान विरोधी है. भाजपा ने एक नयी परिपाटी शुरू की प्रधानमंत्री के उम्मेदवार की घोषणा कर.इस असैविधानिक उम्मीदवार को रोज़ दिखाना क्या अनैतिक नहीं..दरअसल मीडिया भी हिंदूवादी और सांप्रदायिक हो गया है,इसलिए उसे वे लोग पसंद नहीं जो मोदी का विरोध करतें हैं.३० साल हमने भी पत्रकारिता की तथाकथित नैतिकता को करीब से देखा है. (स्रोत-एफबी)
Media Khabar
Staff Writer · Media Khabar
